रुद्रप्रयाग । जनपद रुद्रप्रयाग के सुमेरपुर में पिछले दो दिनों से चल रहा धरना बुधवार को समझौते के साथ समाप्त हो गया। नगर पालिका अध्यक्ष के नेतृत्व में चल रहे इस धरने में जिला पंचायत सदस्य, क्षेत्र पंचायत सदस्य, सभासदों और स्थानीय लोगों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। धरना मेघा कंपनी के डंपिंग जोन से लेकर गुरुद्वारा मार्ग तक की जर्जर सड़क के सुधारीकरण को लेकर किया जा रहा था। लगातार गड्ढे पड़ने से इस मार्ग पर कई वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो चुके हैं, जिससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश था।
धरने के दौरान रेलवे विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) के अधिकारियों के साथ वार्ता हुई, जिसके बाद कंपनी ने एक महीने के भीतर सड़क का सुधारीकरण पूरा करने का लिखित आश्वासन दिया। तय हुआ कि सड़क को गड्ढामुक्त किया जाएगा, जल निकासी की समुचित व्यवस्था की जाएगी और धूल नियंत्रण के लिए नियमित छिड़काव किया जाएगा ताकि लोगों को असुविधा न हो।
धरना स्थल पर पहुंचे तहसीलदार रुद्रप्रयाग ने बताया कि प्रशासन द्वारा पहले भी आरवीएनएल को सड़क सुधार के लिए पत्र भेजा गया था, किंतु पिछले महीने अत्यधिक बारिश के कारण कार्य नहीं हो सका। अब जब कंपनी ने एक महीने में कार्य पूर्ण करने का आश्वासन दिया है, तो प्रशासन भी इसकी निगरानी करेगा और आवश्यक पत्राचार किया जाएगा। तहसीलदार ने यह भी कहा कि धरने पर बैठे लोगों को प्रशासन का पूरा सहयोग मिलेगा।
धरने में आठ प्रमुख मांगों पर सहमति बनी, जिनमें सड़क सुधार, जल निकासी, धूल नियंत्रण और निगरानी तंत्र की व्यवस्था प्रमुख रही। समझौते के साथ धरना समाप्त हुआ, जिससे सुमेरपुर क्षेत्र के लोगों में अब यह उम्मीद जगी है कि लंबे समय से जर्जर सड़कें जल्द ही सुधर जाएंगी और आवागमन सुगम हो सकेगा।






