रुद्रप्रयाग : रुद्रप्रयाग जिला मुख्यालय स्थित गैलेक्सी होटल में हुई महिला हत्या की गुत्थी को रुद्रप्रयाग पुलिस ने सुलझाते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हरियाणा के चीका थाना क्षेत्र के पटियाला रोड से गिरफ्तार कर रुद्रप्रयाग लाया है और उन्हें न्यायालय में पेश किया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार 7 मार्च 2026 की शाम करीब 8 बजे गैलेक्सी होटल प्रबंधन ने कोतवाली रुद्रप्रयाग में सूचना दी कि होटल में ठहरी एक महिला कमरे में बेहोशी की हालत में पड़ी है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और महिला को जिला चिकित्सालय रुद्रप्रयाग पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने तत्काल होटल के कमरे को सील कर फॉरेंसिक टीम से साक्ष्य एकत्र कराए।
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि महिला अपने पति और उसके एक दोस्त के साथ 6 मार्च की रात होटल में ठहरी थी। 7 मार्च की सुबह दोनों युवक यह कहकर होटल से निकले कि वे थोड़ी देर में लौटेंगे, लेकिन देर शाम तक वापस नहीं लौटे। इस पर होटल संचालक को शक हुआ और उसने पुलिस को सूचना दी।
जांच के दौरान यह भी पता चला कि महिला और उसके साथ आए दोनों युवक हरियाणा के रहने वाले हैं। पुलिस ने महिला के परिजनों से संपर्क किया और फरार युवकों की तलाश के लिए टीमें रवाना कीं। 8 मार्च को मृतका के भाई अकबर पुत्र पप्पू निवासी पीपली, जिला कुरुक्षेत्र (हरियाणा) ने कोतवाली रुद्रप्रयाग में तहरीर दी, जिसके आधार पर मुकदमा संख्या 14/2026 धारा 103(1) भारतीय न्याय संहिता के तहत अरुण और अक्षय के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया।
महिला की पहचान काजल (30 वर्ष) पुत्री पप्पू निवासी नवासी पीपली, जिला कुरुक्षेत्र हरियाणा के रूप में हुई। परिजनों की मौजूदगी में पुलिस ने पंचायतनामा भरकर डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया।
पुलिस अधीक्षक रुद्रप्रयाग के निर्देश पर गठित टीमों ने सीसीटीवी फुटेज, सर्विलांस और मैनुअल पुलिसिंग के आधार पर दोनों आरोपियों की तलाश शुरू की। इसी क्रम में पुलिस ने 10 मार्च 2026 की शाम दोनों आरोपियों अरुण कुमार (21 वर्ष) पुत्र राजेश निवासी वार्ड नंबर 17, थाना चीका जिला कैथल और अक्षय (23 वर्ष) पुत्र पृथी निवासी वार्ड नंबर 3 जाटों का मोहल्ला, थाना चीका जिला कैथल हरियाणा को पटियाला रोड से गिरफ्तार कर लिया।
प्रारंभिक पूछताछ में मुख्य आरोपी अरुण कुमार ने बताया कि वह पिछले चार साल से काजल के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहा था, जिसकी जानकारी दोनों परिवारों को भी थी। 4 मार्च को वह काजल और अपने दोस्त अक्षय के साथ घूमने निकला था और अंबाला व हरिद्वार होते हुए 6 मार्च को रुद्रप्रयाग पहुंचे थे। यहां गैलेक्सी होटल में कमरा लेकर ठहरे।
7 मार्च की सुबह काजल और अरुण के बीच किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया। झगड़े के दौरान अरुण ने काजल के हाथ-पैर पकड़े और उसके दोस्त अक्षय ने पहले उसका गला दबाया, फिर काजल की चुन्नी से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद दोनों आरोपी कमरे को ताला लगाकर फरार हो गए।
पुलिस के अनुसार दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना चीका जिला कैथल हरियाणा में पहले से भी एक आपराधिक मामला दर्ज है। वर्ष 2026 में उनके खिलाफ धारा 304(2) भारतीय न्याय संहिता के तहत स्नैचिंग का मामला दर्ज हुआ था, जिसमें उन्हें 24 जनवरी 2026 को गिरफ्तार भी किया गया था। अन्य आपराधिक इतिहास की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
इस मामले में गिरफ्तारी टीम में उपनिरीक्षक जयवीर सिंह रावत, अपर उपनिरीक्षक जावेद अली, आरक्षी महेश कुमार और आरक्षी विनय पंवार शामिल रहे। वहीं अन्य पुलिस टीम में निरीक्षक सुरेश चंद्र बलूनी, उपनिरीक्षक कुलदीप पंत, उपनिरीक्षक रणजीत खनेड़ा (एसओजी/सर्विलांस), मुख्य आरक्षी नवनीत सिंह (एसओजी/सर्विलांस) और आरक्षी दीपक नौटियाल (एसओजी/सर्विलांस) शामिल रहे।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले में विस्तृत विवेचना कर रही है।





