रुद्रप्रयाग। प्रदेश के कृषि एवं कृषक कल्याण, सैनिक कल्याण मंत्री एवं जनपद प्रभारी मंत्री गणेश जोशी ने शुक्रवार को रुद्रप्रयाग पहुंचकर श्री केदारनाथ धाम यात्रा व्यवस्थाओं तथा आगामी मानसून सीजन को देखते हुए आपदा प्रबंधन तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। जिला कार्यालय सभागार में आयोजित बैठक में उन्होंने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से यात्रा संचालन, श्रद्धालुओं की सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्थाओं और आपदा प्रबंधन से जुड़े विषयों पर जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
बैठक में जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने बताया कि यात्रा प्रारंभ होने के बाद से अब तक 12 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं। यात्रा अवधि में 1.80 लाख से अधिक श्रद्धालुओं को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जबकि 83 गंभीर मरीजों का सफलतापूर्वक हेली रेस्क्यू कर उच्च चिकित्सा केंद्रों तक पहुंचाया गया है। उन्होंने बताया कि यात्रा कंट्रोल रूम के माध्यम से चौबीसों घंटे निगरानी की जा रही है तथा स्वास्थ्य, पेयजल, विद्युत, परिवहन, सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन से संबंधित सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित हैं।
प्रभारी मंत्री गणेश जोशी ने यात्रा मार्ग पर शौचालयों की स्वच्छता, पेयजल आपूर्ति, विद्युत व्यवस्था, ट्रैफिक प्रबंधन और भीड़ नियंत्रण को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यात्रा में स्थानीय लोगों की सहभागिता बढ़ाने से व्यवस्थाएं और मजबूत होंगी तथा श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
मानसून सीजन को देखते हुए उन्होंने अधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्यों के लिए सभी तैयारियां समय रहते पूर्ण करने के निर्देश दिए। संवेदनशील स्थलों पर जेसीबी और अन्य आवश्यक मशीनरी अग्रिम रूप से तैनात रखने, मार्ग बाधित होने की स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने तथा आपदा प्रबंधन तंत्र को पूरी तरह सक्रिय रखने पर जोर दिया गया।
प्रभारी मंत्री ने सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों पर प्रसारित होने वाली भ्रामक सूचनाओं पर भी चिंता जताई। उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसी खबरों की नियमित निगरानी की जाए और तथ्यात्मक जानकारी जारी कर अफवाहों का तत्काल खंडन किया जाए। साथ ही भ्रम फैलाने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और प्रत्येक यात्री को सुरक्षित, सुगम एवं व्यवस्थित यात्रा अनुभव उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष चारधाम यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं, जो लोगों की आस्था का प्रतीक है। सरकार और प्रशासन का प्रयास है कि हर श्रद्धालु सकारात्मक अनुभव लेकर वापस लौटे।
बैठक के उपरांत प्रभारी मंत्री ने जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र और यात्रा कंट्रोल रूम का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने उन्हें सीसीटीवी निगरानी, मौसम आधारित अलर्ट प्रणाली और यात्रा मार्गों की रियल टाइम मॉनिटरिंग की जानकारी दी। प्रभारी मंत्री ने केदारनाथ यात्रा की वर्तमान व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए सभी विभागों को समन्वय और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।





