कारगर साबित हुई बीकेटीसी की प्रोटोकॉल व्यवस्था। 8241अतिविशिष्ट श्रद्धालुओं ने दर्शन किये तथा 24 लाख से अधिक की आय‌।

कारगर साबित हुई बीकेटीसी की प्रोटोकॉल व्यवस्था। 8241अतिविशिष्ट श्रद्धालुओं ने दर्शन किये तथा 24 लाख से अधिक की आय‌।



(तहलका यूके /रुद्रप्रयाग)

रूद्रप्रयाग।श्री बदरीनाथ – केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) द्वारा प्रोटोकॉल के माध्यम से आने वाले विशिष्ट व अति विशिष्ट महानुभावों के दर्शनों के लिए बनाई गई व्यवस्था कारगर साबित हो रही है। बीकेटीसी देश के अन्य प्रमुख मंदिरों की भांति वीआईपी/ वीवीआईपी श्रद्धालुओं से शुल्क वसूल रही है। इससे बीकेटीसी की आय में भी वृद्धि हो रही है। इस वर्ष कपाट खुलने के बाद अब तक श्री केदारनाथ व श्री बदरीनाथ धाम में 8241 वीआईपी दर्शन कर चुके हैं। इनसे बीकेटीसी को 26 मई तक 24,72,300 रूपये की आय हुई है।     



उल्लेखनीय है कि बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय द्वारा इस वर्ष यात्रा प्रारंभ होने से पूर्व देश के चार प्रमुख मंदिरों श्री तिरुपति बाला जी, श्री वैष्णों देवी, श्री महाकाल व श्री सोमनाथ धाम में पूजा व मंदिर प्रबंधन व्यवस्था के अध्ययन के लिए अलग – अलग दल भेजे गए थे। अध्ययन दलों ने अपनी रिपोर्ट में विभिन्न संस्तुतियां की थी , जिनमें से एक संस्तुति धामों के दर्शनों के लिए आने वाले वीआईपी/ वीवीआईपी से शुल्क लेने को लेकर थी। अध्ययन दलों की संस्तुति के आधार पर बीकेटीसी बोर्ड बैठक में इस निर्णय पर मुहर लगा दी गयी थी और यात्रा में आने वाले वीआईपी/ वीवीआईपी श्रद्धालुओं से प्रति व्यक्ति 300 रूपए लेने का निर्णय लिया गया।


यात्राकाल के दौरान बड़ी संख्या में वीआईपी/ वीवीआईपी केदारनाथ व बदरीनाथ की यात्रा पर पहुंचते हैं। बीकेटीसी ऐसे वीआईपी श्रद्धालुओं को प्राथमिकता के आधार पर दर्शन कराती है और प्रसाद इत्यादि भी देती है। इसके साथ ही वीआईपी संदर्भ लेकर भी बड़ी संख्या में लोग धामों में पहुंचते हैं। बीकेटीसी द्वारा प्रति व्यक्ति 300 रूपये का शुल्क निर्धारित करने और उन्हें पर्ची देकर मंदिर में प्रवेश करने की व्यवस्था निर्धारित किए जाने के बाद वीआईपी के नाम पर अनाधिकृत रूप से दर्शन करने वालों पर भी रोक लगी है। *बीकेटीसी ने इस व्यवस्था का श्री गणेश केदारनाथ धाम के कपाट खुलने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के हाथों किया था। मुख्यमंत्री धामी ने केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के अवसर पर तीन सौ रूपये चुका कर मंदिर में दर्शन किए।*


बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने बताया कि इस नई व्यवस्था के सुखद परिणाम दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि नई व्यवस्था से वीआईपी के नाम पर अनावश्यक  रूप से मंदिर में घुसने वालों पर रोक लगी है। उन्होंने बताया कि आगामी समय में इस व्यवस्था में और अधिक सुधार किया जाएगा। उन्होंने बताया कि शुक्रवार तक केदारनाथ धाम में 2922 वीआईपी श्रद्धालु दर्शनों के लिए पहुंचे, जिनसे 8,76,600 रूपये की आय हुई। इसी प्रकार बदरीनाथ धाम में अब तक 5319 वीआईपी श्रद्धालु  यात्रा कर चुके हैं, जिनसे 15,95,700 रूपये की आय हुई।

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