रुद्रप्रयाग, 27 जुलाई। गौ संरक्षण एवं संवर्धन को लेकर चल रहे देशव्यापी ‘गौ सम्मान आह्वान अभियान’ के दूसरे चरण के तहत सोमवार को रुद्रप्रयाग से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री को जिलाधिकारी विशाल मिश्रा के माध्यम से 75 हजार से अधिक गौ सेवकों के हस्ताक्षरयुक्त 3000 पन्नों का ज्ञापन भेजा गया। ज्ञापन में गौ माता को ‘राष्ट्र माता’ का दर्जा देने, देशभर में गौ हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने और गौ संरक्षण के लिए व्यापक नीति लागू करने की मांग की गई है।
अभियान के जिला प्रभारी रोहित डिमरी ने बताया कि ज्ञापन में केंद्र स्तर पर गौ सेवा मंत्रालय की स्थापना, राष्ट्रीय गोचर बोर्ड का गठन, चारा सुरक्षा नीति लागू करने, गौ आधारित कृषि को प्रोत्साहन देने तथा प्रत्येक जिले में निराश्रित और घायल गौवंश के लिए ट्रॉमा सेंटर एवं गौ एंबुलेंस सेवा शुरू करने जैसी प्रमुख मांगें शामिल हैं। उन्होंने कहा कि गौ संरक्षण केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ा राष्ट्रीय विषय है।
उन्होंने कहा कि अभियान का उद्देश्य किसी प्रकार का विरोध नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से करोड़ों लोगों की भावनाओं को सरकार तक पहुंचाना है। इसी उद्देश्य से देशभर में हस्ताक्षर अभियान चलाया गया, जिसमें बड़ी संख्या में गौ सेवकों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने भागीदारी की।
रोहित डिमरी ने बताया कि पहले चरण में देश की 5100 तहसीलों के माध्यम से मांगपत्र भेजे गए थे, जबकि दूसरे चरण में जिलाधिकारियों के माध्यम से 75 हजार से अधिक हस्ताक्षरों वाले ज्ञापन प्रेषित किए गए हैं। अभियान का तीसरा चरण आगामी 27 अक्टूबर को मुख्य सचिवों के माध्यम से संचालित किया जाएगा।
नगर पंचायत अध्यक्ष अगस्त्यमुनि राजेंद्र गोस्वामी ने कहा कि केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर बड़ी संख्या में निराश्रित गौवंश दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। ऐसे में प्रत्येक जिले में गौवंश के लिए विशेष ट्रॉमा सेंटर और गौ एंबुलेंस सेवा शुरू की जानी चाहिए, ताकि घायल पशुओं का समय पर उपचार सुनिश्चित हो सके।
कार्यक्रम में गौ संरक्षण एवं संवर्धन के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने का संकल्प भी लिया गया। इस अवसर पर गौ रक्षा विभाग के उपाध्यक्ष दीपक नौटियाल, प्रवीण रावत, गौरव रावत, ज्योति किमोठी, दुर्गा देवशाली, दुर्गेश चमोली, अंकित राणा, संदीप कपरवान, दीपक बिष्ट सहित बड़ी संख्या में गौ सेवक एवं सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे।





